बुधवार, 6 मई 2020

रोज़गार ए इश्क़

Intro Instrumental
verse 1
तेरा नाम है तेरी याद है
 तेरी सूरत है तेरी बात है
जो दिल मे समाई है
इश्क़ के रोजगार में
यही मेरी कमाई है,


instrumental break

verse 2
कैसे जुदा कर दूं तुझको
हो जाऊँगा में गरीब
दूरी भले हो जिस्मों की
 पर दिल के है तू करीब
इस दौलत को गिन गिन के
मैंने कितनी रातें बिताई है
इश्क़ के रोजगार में
यही मेरी कमाई है।
instrumental break
verse 3
कोई छीन नही सकता
ना कोई चुरा सकता है
ये वो खजाना है जो
बिन मांगे मिला करता है
इसकी चाकरी में मैंने
जान अपनी लगाई है
इश्क़ के रोजगार में
यही मेरी कमाई है
outro
तेरा नाम है तेरी याद है
 तेरी सूरत है तेरी बात है
जो दिल मे समाई है
इश्क़ के रोजगार में
यही मेरी कमाई है,
जो दिल मे समाई है।...✍️©️गौरव

मंगलवार, 5 मई 2020

तुम बहुत याद आये



जगा हूँ मैं रातों को चैना गवाएं
तुम्हारी कसम तुम बहुत याद आये
तुम्हारे बिना जीना हमको ना भाये
तुम्हारी कसम तुम बहुत याद आये
मोहब्बत हमारी हमें फिरसे मिलाये
तुम्हारे बिना दिन ये कैसे बिताएं
नमी हो जो आंखों में तो कैसे नींद आये
तुम्हारी कसम तुम बहुत याद आये
जरा बात कर लो तो चैन हमको आये
वो प्यारी सी सूरत हम देंखे दिखाएँ
कबके गए हो अभी तक ना आये
ये पूछो जो तुम तो हम मुस्कुराए
तुम्हारी कसम तुम बहुत याद आये
तुम्हारी कसम तुम बहुत याद आये...✍️©️गौरव

तेरी याद



नींद अब आंखों मे नही आती,
दिल से तेरी याद अब नही जाती
कितना बैचैन कर दिया तुमने
बिन तेरे सांस भी ना ली जाती...
लौट आओगे तुम मुझे है यकीं
तन्हा ज़िन्दगी ना गुजारी जाती
नींद अब आंखों मे नही आती,
दिल से तेरी याद अब नही जाती....
बनके खुशबु हवा में बिखरे हो
हर घड़ी साथ मेरे रहते हो
भूल जाऊं तुम्हे ये मुमकिन नही
अपनी परछाई ना छोड़ी जाती
नींद अब आंखों मे नही आती,
                दिल से तेरी याद अब नही जाती...✍️©️गौरव

मेरी तरह सोच तो कभी



जैसे मै सोचता हूँ, तू भी मुझे सोच तो कभी
जैसे मै करता हुँ तू भी प्यार कर तो कभी
मै तेरी चाहत को दिल मे बसाए बैठा हुँ
तू भी दिल से मुझे याद कर तो कभी
मेर्री मासूम सी मोहब्बत को सहारा दे दे
इस दिल को धड़कने का इशारा दे दे
तूफ़ां में फंसी कश्ती डूब ना जाये कहीं
तू बनके साहिल इसे किनारा दे दे
मेरी नज़रों की तरह इंतज़ार कर तो कभी
जैसे मैं करता हूँ तू भी प्यार कर तो कभी
मैं तेरी बातों को दिल से लगाएं बैठा हूँ
तू भी दिल से मुझे याद कर तो कभी
है तेरी कोई मजबूरी तो बता दे मुझे
है शर्त कोई प्यार में तो बता दे मुझे
हुई मुझसे जो खता तो सज़ा दे मुझे
पर यूँ ना हो कि दिल से ही हटा दे मुझे
मेरे पतझड़ से जीवन मे बहार कर तो कभी
जैसे मै करता हूँ तू भी प्यार कर तो कभी
मैं तेरे ख़्वाबों की लत लगाए बैठा हुँ
तू भी दिल से मुझे याद कर तो कभी...✍️©️गौरव

Parody of Dheere Dheere se... From Ashiqui

Parody of Dheere Dheere se... From Ashiqui

धीरे धीरे से मेरी ज़िंदगी से जाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना
मुझसे प्यार नही था फिर क्यूँ जानेजाना
मुझसे मिलकर मुझको था रिझाना
धीरे धीरे से मेरी ज़िंदगी से जाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना
मुझसे प्यार नही था फिर क्यूँ जानेजाना
मुझसे मिलकर मुझको था रिझाना
जबसे तूने छोड़ा मुझको कहीं आराम नही
ऐसा लगता है के जिस्म तो है पर जान नहीं
मेरा ये हाल तुम्हारे कारण है साजन
मेरी आंखों को बहने के सिवा कोई काम नही
अब नही है मेरे जीने का ठिकाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना
धीरे धीरे से मेरी ज़िंदगी से जाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना
पहले भी अक्सर मै था जागा रातों में
तेरे प्यार में तेरी मीठी मीठी बातों में
तूने मुझे बेशक हद से ज्यादा तड़पाया
इतना करके भी मुझपे ना तुझको प्यार आया
हो गया क्यूँ तू मुझसे बेगाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना
मुझसे प्यार नही था फिर क्यूँ जानेजाना
मुझसे मिलकर मुझको था रिझाना
धीरे धीरे से मेरी ज़िंदगी से जाना
धीरे धीरे से दिल को रुलाना..✍️©️गौरव



रविवार, 3 मई 2020

धडकता दिल


मेरे सीने में धड़कता ये दिल
तेरा तो नही है ?
मेरी आँखों पे चढ़ा पर्दा तेरा
चेहरा तो नही है ?
मुश्किल है बड़ा इश्क़ ये
आसां तो नही है,
कितना भी करो आपको पता
चलता ही नही है।।
मेरे सीने में धड़कता ये दिल
तेरा तो नही है ?
बाखुदा तुझसे मेरा,रिश्ता है,जन्मों का
तेरा रिश्ता भी यकीनन किसी 
और से नही है।
मेरे सीने में धड़कता ये दिल
तेरा तो नही है ?
        मेरे ख्वाबों में बदस्तूर चले आते हो
मैने पलको को उठाकर तुम्हें
रोका भी नही है।
मेरे सीने में धड़कता ये दिल
तेरा तो नही है ?
मेरी आँखों पे चढ़ा पर्दा तेरा
चेहरा तो नही है? ✍️©️गौरव

शनिवार, 2 मई 2020

आयुष चिकित्सक



हम वो है जो मौत को चेक करते है
मौत है या नही ये कन्फर्म करते है
हमे नही मिलती है सुरक्षा फिर भी
हम क्वारेन्टीन सुरक्षित करते है
चारो ओर है डयूटी हमारी
हम डयूटी पूरी करते है
रातें कटती दौड़ते भागते
दिन में औषधि वितरित करते है
पर जब लोग हम पर थूकते है 
मारने को दौड़ते है
तब अंदर ही अंदर 
हम भी बहुत डरते है
फिर भी दोबारा उनके बीच
जाकर काम करते है
सरकार वज़ीर बचाकर बैठी
हाथी घोड़े मरते है,
कोरोना की जंग जबरदस्त
हम आयुष वाले लड़ते है
कोरोना की जंग जबरदस्त
हम आयुष वाले लड़ते है.....
:- गौरव